Home उत्तराखंड हंस फाउंडेशन के संस्थापक भोले महाराज के जन्मोत्सव पर प्रबुद्धजनों और विभिन्न...

हंस फाउंडेशन के संस्थापक भोले महाराज के जन्मोत्सव पर प्रबुद्धजनों और विभिन्न संगठनों ने भेजी शुभकामनाएं

63
0

देहरादून। पूर्व सीएम त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने हंस फाउंडेशन के संस्थापक भोले जी महाराज के जन्मोत्सव पर उन्हें बधाई दी है। उन्होंने सोशल मीडिया के जरिये भोले महाराज को शुभकामनाएं प्रेषित की और उनके स्वस्थ व दीर्घ जीवन की मंगल कामना की। वहीं प्रदेश में विभिन्न संगठनों और प्रबुध जनों ने भी भोले महाराज का जन्मोत्सव मनाया और उन्हें अपनी शुभकनाएं प्रेषित की।

हंस कल्चरल सेंटर के कोटद्वार स्थित कार्यालय में संस्था के संस्थापक भोले महाराज का जन्म दिन धूमधाम से मनाया गया। इस अवसर पर निर्धन महिलाओं को वस्त्र और बच्चों को पाठ्य सामग्री वितरित की गई।

श्री भोले और माता मंगला के जन्मोत्सव सप्ताह पर हंस फ़ाउंडेशन ने सेवा भी सम्मान भी कार्यक्रम के तहत बुधवार को नगर क्षेत्र जोशीमठ के प्राथमिक विद्यालय रविग्राम के छात्र- छात्राओं के साथ जन्मोत्सव मनाया। जन्मोत्सव के उपलक्ष्य में हंस फाउंडेशन की ओर से बच्चों को कापियां वितरित की गईं। नन्हे-मुन्ने बच्चों ने भी श्री भोले महाराज को जन्मोत्सव की हार्दिक बधाई देते हुए उनके दीर्घायु की कामना की।

उत्तराखंड परिवहन महासंघ एवं परिवहन व्यवसायियों ने हंस फाउंडेशन के संस्थापक भोले महाराज का जन्मदिन धूमधाम से मनाया। परिवहन व्यवसायियों ने केक काटकर खुशी का इजहार किया।
बुधवार को चारधाम यात्रा बस अड्डा परिसर में उत्तराखंड परिवहन महासंघ एवं परिवहन व्यवसायियों ने कार्यक्रम आयोजित किया।

कार्यक्रम के तहत परिवहन व्यवसायियों ने हंस फाउंडेशन के संस्थापक भोले महाराज के जन्मदिन पर केक काटा और एक-दूसरे को खिलाकर खुशी मनाई। महासंघ के अध्यक्ष सुधीर राय ने कहा कि फाउंडेशन द्वारा कोरोनाकाल में भी वाहन चालकों और परिचालकों की मदद की गई।

उत्तराखंड परिवहन महासंघ एवं परिवहन व्यवसायियों ने हंस फाउंडेशन के संस्थापक भोले महाराज का जन्मदिन धूमधाम से मनाया। परिवहन व्यवसायियों ने केक काटकर खुशी का इजहार किया।

माता मंगला जी और भोले महाराज का जीवन गरीबों की निस्वार्थ सेवा में समर्पित हैं। राज्य सरकार को भी हमेशा उनका सहयोग मिला है। माता मंगला ली व भोले महाराज समाज सेवा की भारतीय संस्कृति की महान परंपरा को आगे बढ़ा रहे हैं। जिससे लाखों लोगों के जीवन में रोशनी फैल रही हैं। वे हंस फाउंडेशन के जरिये स्वास्थ्य, शिक्षा व संस्कृति के क्षेत्र में कार्य करने के साथ ही आत्मनिर्भरता के लिए अनेक गांव को कृषि व बागवानी के क्षेत्र में स्वावलम्भी बनाने के लिए प्रभावी मदद दी जा रही है। कोरोना महामारी से लड़ने के लिए हंस फाउंडेशन ने फ्रंटलाइन वॉरियर्स की भूमिका निभाई।

Previous articleदेहरादूनः डीएम सोनिका ने किया तहसील सदर का औचक निरीक्षण, व्यवस्थाएं दुरूस्त करने को दिये निर्देश
Next articleउत्तराखण्ड: यूटीईटी की परीक्षा इस बार 30 सितम्बर को

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here