नरेन्द्र सिंह की रिपोर्ट
कीर्तिनगर। उत्तराखंड क्रांति दल का चौरास में चुनावी सम्मेलन आयोजित किया गया। यूकेडी ने देवप्रयाग से यूकेडी के दावेदार दिवाकर भट्ट को विजय बनाने के लिए एकजुट होने का आह्वान किया है। सम्मेलन में यूकेडी के कार्यकर्ताओं ने रोड-शो किया। इस दौरान बड़ी संख्या में स्थानीय लोगों ने यूकेडी का भी दामन थामा। इस मौके पर सीडीएस बिपिन रावत सहित उनकी पत्नी व अन्य सैन्य अधिकारियों की आकस्मिक निधन पर दो मिनट का मौन धारण कर श्रद्धाजंलि दी गई।
गढ़ी चौरास में आयोजित सम्मेलन में पूर्व मंत्री दिवाकर भट्ट ने कार्यकर्ताओं में जोश भरते हुए कहा कि उत्तराखंड राज्य बनाने के लिए पहले लड़े थे और अब राज्य को बचाने की लड़ाई लड़ी जा रही है। उत्तराखंड से जब तक दिल्ली से चलने वाली भाजपा-कांग्रेस की सरकार को जनता ने नहीं हटाया तब तक उत्तराखंड का भला होने वाला नहीं है।
पूर्व मंत्री दिवाकर भट्ट ने कहा जल, जंगल, जमीन बचाने तथा रोजगार के लिए जिस राज्य की लड़ाई यूकेडी ने लड़ी थी, उसका सपना 21 साल बाद भी पूरा नहीं हो पाया है। यदि उत्तराखंड को बचाना है और राज्य में पलायन, बेरोजगारी को रोकना है तो स्थानीय दल यूकेडी को आगे लाना होगा।
मूल निवास पर उन्होंने कहा कि सभी दल व सरकार बैठे और चर्चा करे कि मूलनिवास किस वर्ष से बनाना है। राज्य में बाहरी लोगों के मूल निवास नहीं बनने चाहिए। इस मौके पर यूकेडी नेता मोहन काला, रामेश्वर लखेड़ा, पूर्व प्रमुख विजयंत निजवाला, रंजन रतूड़ी, जयपाल पंवार, दिनेश रावत, अनिता निजवाल, सूरज पाठक, जयकृष्ण भट्ट, सरिता शाह, सतीश थपलियाल, मातबर सिंह, तुनजा बडोनी, सोबन सिंह पंवार तमाम यूकेडी नेताओं ने यूकेडी के लिए लोगों से समर्थन मांगा। कार्यक्रम का सफल संचालन यूकेडी नेता एवं पूर्व प्रधान धारी कीर्तिराम जुगरान ने किया।
